पटना। बिहार में कोरोना फिर से डरावनी रफ्तार से बढ़ रहा है। हर दिन 300 से ज्यादा मरीज मिलने से स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। दरअसल अभी खेती का समय है, लिहाजा कई लोग बाहर प्रदेशों से अपने-अपने घरों में लौट रहे थें, इस दौरान कोरोना प्रोटोकाल का पालन नहीं करने से प्रदेश में कोरोना की स्थिति बिगड़ती जा रही है। इधर सरकार ने कोरोना की रफ्तार के मद्देनजर कई ऐहितियाती कदम उठाये हैं। सरकार की कोशिशों के बावजूद कोरोना की रफ्तार फिलहाल कम नहीं हो रही है।

बिहार में पिछले 24 घंटे मं 343 नये मरीज मिले हैं। बुधवार को भी ये आंकड़ा 309 था। सिर्फ पटना में ही 186 कोरोना के केस मिले हैं, जबकि बुधवार को पटना में 137 नये मरीज मिले थे। पटना जिले में सब से ज्यादा एक्टिव मरीज हैं। पटना में आज एक्टिव मरीजों की संख्या 186 है। वहीं भागलपुर में 25 खगड़िया में 16 पूर्णिया में 15 सारण में 10 और बांका में 9 एक्टिव मरीज हैं।वहीं एक दिन पहले पटना में 137 एक्टिव मरीज थे। भागलपुर में 23 सहरसा में 14 सुपौल में 14 जहानाबाद में 12 मुजफ्फरपुर में 10 और गया में 10 एक्टिव मरीज थे।

स्वास्थ्य विभाग की चिंता की बात ये है कि रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड में कोरोना कैंप में लोग टेस्ट कराने नहीं आ रहे हैं। अलग-अलग बहानों से वो या तो कोरोना टेस्ट कराते नहीं और जो कोरोना टेस्ट कराते भी हैं, वो अपना एड्रेस और फोन नंबर गलत दे देते हैं, जिसकी वजह से काल ट्रेसिंग में दिक्कत आ रही है। राज्य सरकार कोरोना के मद्देनजर आने वाले दिनों में और भी सख्ती बढ़ाने की तैयारी में है।

हर चिंहित जगह सैंपल जांच होना सुनिश्चित करने के लिए संबंधित अधकारियों को आदेश दे तो दे दिए गए है। पर सैंपल जांच में तेजी नजर नही आ रहा है।आपको बता दें कि बिहार में विगत 24 घंटों में 1,23,406 लोगों की जांच हुई है। अब तक कुल 8,20,706 मरीज ठीक हुए हैं। वर्तमान में बिहार में कोविड के कुल एक्टिव मरीजों की संख्या 1573 है। बिहार में कोरोना मरीजों का रिकवरी प्रतिशत 98.34 है।

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