झारखंड : अब थानों में नहीं चलेगी मनमानी…134 करोड़ की लागत से लैस होंगे राज्य के थाने, हाईकोर्ट के निर्देश पर बड़ी तैयारी
Jharkhand: Arbitrary actions will no longer be tolerated in police stations... State police stations to be equipped at a cost of Rs 134 crore, major preparations underway following High Court directives.

रांची। झारखंड राज्य के सभी थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाने की प्रक्रिया सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर शुरू की गई है। इस पूरी झारखंड पुलिस CCTV परियोजना की मॉनिटरिंग भी सुप्रीम कोर्ट द्वारा की जा रही है, जिसके चलते इसे तय समयसीमा में पूरा करना अनिवार्य हो गया है। हालांकि, निकाय चुनाव की घोषणा के बाद लागू आचार संहिता के कारण फिलहाल निविदा प्रक्रिया अटक गई है।
राज्य के गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग ने इस महत्वाकांक्षी परियोजना को लेकर प्रशासनिक स्वीकृति जारी कर दी है। 9 जनवरी को विभाग ने राज्य के 606 थानों में कुल 8,854 सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए 134 करोड़ रुपये की मंजूरी दी। योजना के तहत अधिकांश थानों को हाई-रेजोल्यूशन कैमरों और आधुनिक मॉनिटरिंग सिस्टम से जोड़ा जाएगा, जिससे थानों में पारदर्शिता बढ़ेगी और हर गतिविधि की रिकॉर्डिंग संभव हो सकेगी।
इस झारखंड पुलिस CCTV परियोजना का उद्देश्य पुलिस कार्यप्रणाली को अधिक जवाबदेह बनाना और नागरिकों के अधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। सुप्रीम कोर्ट की सीधी निगरानी के कारण विभाग पर इसे जल्द पूरा करने का दबाव भी है। लेकिन निकाय चुनाव के चलते नगर निकाय क्षेत्रों में आचार संहिता लागू हो गई है। चूंकि राज्य के अधिकांश थाने इन्हीं क्षेत्रों में स्थित हैं, इसलिए टेंडर प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ पा रही है।
इस समस्या के समाधान के लिए जैप आईटी के मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी ने झारखंड राज्य निर्वाचन आयोग के सचिव को पत्र लिखकर स्थिति से अवगत कराया है। पत्र में आचार संहिता के दौरान ही निविदा प्रकाशित करने और आवश्यक कार्य शुरू करने की अनुमति मांगी गई है। विभाग का कहना है कि अनुमति मिलते ही निविदा प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।









