सोसायटी की नौवीं मंजिल पर हुई 3 मौतें…पिता की 3 पत्नियां और पुरानी रहस्यमयी मौतें सामने आईं…
भारत सिटी सोसायटी की नौवीं मंजिल पर हुई मौतें, पिता और परिवार जांच के केंद्र में

गाजियाबाद की भारत सिटी सोसायटी से सामने आए 3 नाबालिग सगी बहनों के सुसाइड केस ने अब तक पुलिस और समाज दोनों को हैरान और दंग कर दिया है। जब मामला पहली बार सामने आया, तो पिता के बयान और कमरे की स्थिति के आधार पर इसे ऑनलाइन गेम से जुड़ा हादसा माना जाने लगा।
लेकिन आगे की जांच में पारिवारिक उलझनें, आर्थिक तंगी और विरोधाभासी बयान सामने आए हैं।
पिता की 3 पत्नियां और उलझी हुई शादी की गुत्थी
जांच में पता चला कि चेतन कुमार अपनी तीन पत्नियों के साथ रह रहा था:
सुजाता: पहली पत्नी, एक बेटी और एक मानसिक रूप से दिव्यांग बेटा
हीना: सुजाता की सगी बहन, चेतन से दो बेटियां
टीना: तीसरी पत्नी, 22 साल की, मुस्लिम और 2023 में धर्म परिवर्तन करके शादी की
ACP शालीमार गार्डन अतुल कुमार सिंह ने बताया कि चेतन द्वारा बताए गए शादी के सालों और बच्चों की उम्र में विरोधाभास पाए गए हैं। टीना को पहले पत्नी नहीं माना गया और उसे साली बताया गया था। इससे शादी की समयरेखा संदिग्ध हो गई।
बयानों में विरोधाभास, जांच जटिल
चेतन ने दावा किया कि उसने सुजाता से 2010 और हीना से 2013 में शादी की। लेकिन सुजाता की 16 वर्षीय बेटी इस दावे को चुनौती देती है।
पुलिस अब विवाह दस्तावेज और कागजात जुटाने की कोशिश कर रही है, लेकिन दोनों पत्नियां अशिक्षित हैं और कोई जानकारी नहीं दे पा रही हैं।
आर्थिक तंगी और मोबाइल फोन की भूमिका
जांच में सामने आया कि चेतन कुमार पर भारी कर्ज था और परिवार आर्थिक तंगी में था।
बच्चियों ने कई साल पहले स्कूल जाना छोड़ दिया था।
सभी सदस्य 3 बेडरूम फ्लैट में रहते हुए एक ही कमरे में सोते थे।
तीनों बहनें देर रात तक जागती और साथ रहती थीं, इसलिए कमरे से बाहर जाने पर किसी को शक नहीं हुआ।
पुलिस ने यह भी पाया कि बच्चियों के पास पहले दो मोबाइल फोन थे, जिन्हें चेतन ने कर्ज चुकाने के लिए बेच दिया। अब पुलिस IMEI नंबर से फोन ट्रैक करने की कोशिश कर रही है, लेकिन डेटा मिलने की संभावना कम है।
पुरानी मौत का नया संदर्भ
जांच में यह भी सामने आया कि कई साल पहले चेतन की बड़ी बेटी के जन्मदिन पर, उनकी एक अन्य बेटी तीसरी मंजिल की बालकनी से गिरकर मारी गई थी। उस घटना में कोई पुलिस शिकायत नहीं की गई थी।
अब यह पुराना हादसा मौजूदा मामले से जोड़ा जा रहा है और पुलिस इसे गंभीरता से देख रही है।
यह केस अब परिवार की जटिलताओं, आर्थिक तंगी, मोबाइल और पुराने रहस्यों के बीच नया मोड़ ले चुका है।









