महासमुंद (छत्तीसगढ़) । छत्तीसगढ में एक शिक्षक को रिटायरमेंट पर ऐसी विदाई मिली, जो शायद ही कभी किसी को नसीब हुई होगी। 37 साल तक एक ही स्कूल में सेवा देने के बाद शिक्षक रामलल्लन सिंह जब रिटायर हुए तो उन्हें गांववालों और छात्रों ने अभूतपूर्व विदाई दी। फूल-मालाओं से तो लादा ही, इतने गिफ्ट दे दिये, कि शिक्षक को उपहार ले जाने के लिए ट्रक भाड़ा पर लेना पड़ गया। किसी ने स्कूटी गिफ्ट कर दी, तो किसी ने बड़ी सी एलईडी। शिक्षक की विदाई में पूरा गांव उमड़ पड़ा। हर कोई आंखे नम किये हुए शिक्षक आरएल सिंह को विदाई दी।

गिफ्ट में मिली स्कूटी..

आज के वक्त में जब ना तो बच्चों में शिक्षकों के प्रति वैसा स्नेह रहा…और ना हीं शिक्षकों में बच्चों के प्रति वो दुलार…। शिक्षक और बच्चों के बीच आज के दौर में सिर्फ पेशेवर रिश्ता ही रह गया…लेकिन इन सब के बीच शिक्षक का विदाई का नजारा अनूठा था। महासमुंद के पिथौरा के कौहाकूड़ा मिडिल स्कूल में 37 बरस से पदस्थ शिक्षक रामलल्लन सिंह रिटायर हो गये। विदाई समारोह में शिक्षक को विदा करने पूरा गांव उमड़ पड़ा। उपहार भी इतने मिले कि गुरूजी को पिथौरा स्थित घर तक लाने मिनी ट्रक भाड़े में लेना पड़ा। पिथौरा विकासखण्ड के ग्राम कौहकूड़ा के मिडिल स्कूल में विगत 37 बरस से पदस्थ शिक्षक रामलल्लन सिंह की सेवानिवृति पर विदाई दी गई। समारोह के दौरान शिक्षक को सभी ने उपहार दिए गए।

रामलल्लन सिंह की मिडिल स्कूल में इनकी प्रथम नियुक्ति फरवरी 1985 हुई। उसके बाद से ही ये 37 वर्षों तक एक ही शाला में पदस्थ रहे। इनके पढ़ाये अनेक शिष्य आज कई उच्च पद सेवा दे रहे हैं। आरपी सिंह प्रधानपाठक की सेवानिवृति के अवसर पर जुटी ग्रामीणों की भारी भीड़ ने उन्हें अनेक उपहार दिए। कौहाकुड़ा के पूर्व छात्रों के द्वारा नई स्कूटी भेंटकर सम्मान किया। ग्राम हरदी के कर्मचारी संघ की ओर से टीवी भेंटकर सम्मान किया। इस तरह ग्राम के एवं आसपास ग्राम के सैकड़ों लोगों के द्वारा शॉल, श्रीफल व अन्य स्मृति चिन्ह भेंटकर सम्मान किया गया।