मौत का अजीबो-गरीब खेल…सड़क पर घायल पड़े पत्नी-पति को बचाने गए 7 युवक…तभी आ धमके यमराज…
बेगूं-कोटा हाईवे पर दर्दनाक सड़क हादसा: बाइक सवार दंपति को बचाने आए सात युवक, चार की मौत और तीन गंभीर रूप से घायल।

चित्तौड़गढ़, राजस्थान: रविवार रात चित्तौड़गढ़-कोटा हाईवे पर ऐसा दिल दहला देने वाला हादसा हुआ, जिसने हर किसी को स्तब्ध कर दिया। माडना क्षेत्र के पास हुई इस दुर्घटना में चार युवकों की मौत हो गई और तीन गंभीर रूप से घायल हो गए।
शानदार बात यह थी कि ये युवक किसी जरूरतमंद की मदद करने पहुंचे थे, लेकिन क्षणों में खुद सड़क दुर्घटना का शिकार बन गए।
घटना कैसे हुई?
पहली टक्कर:
बाइक सवार दंपति शंभूलाल और काली बाई को गलत दिशा से आ रही स्विफ्ट कार ने जोरदार टक्कर मारी।
दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए।
दूसरी टक्कर:
मदद करने आए सात युवक सड़क पर मौजूद थे।
तेज रफ्तार से आती दूसरी कार ने उन्हें कुचल दिया।
चार युवक मौके पर या उपचार के दौरान दम तोड़ गए।
तीसरी टक्कर:
पीछे से आ रही एक ईको कार मलबे में फंसकर पलट गई और डिवाइडर से टकराई।
हाईवे कुछ ही सेकंड में चीख-पुकार और रक्तरंजित दृश्य में बदल गया।
मृतक और घायल
मृतक: हेमराज गुर्जर (35), राजेश मीणा (29), फोरूलाल गुर्जर (33), सोनू गुर्जर (40)
गंभीर घायल: सूरजमल भील, बाइक सवार दंपति शंभूलाल-काली बाई, कनिष्क, अंतरराम दास, रौनक, देवेश
सभी घायलों को चित्तौड़गढ़, कोटा और उदयपुर के अस्पतालों में रेफर किया गया।
विधायक पहुंचे, अवसंरचना सुधार का आश्वासन
हादसे की जानकारी मिलने पर विधायक डॉ. सुरेश धाकड़ अस्पताल पहुंचे। उन्होंने मृतकों के परिजनों को सांत्वना दी और आश्वासन दिया कि इस खतरनाक स्थान पर आरओबी या अंडरब्रिज बनाने का प्रयास किया जाएगा।
मानवता की मिसाल
स्थानीय लोग मानते हैं कि यह केवल हादसा नहीं, बल्कि युवाओं का बलिदान था। उन्होंने किसी अनजान की मदद करने की कोशिश की, और इसी नेक कदम की कीमत अपनी जान देकर चुकाई।









