Pitru Paksha 2023: एकादशी श्राद्ध आज, करें ये सिद्ध उपाय, पितरों का मिलेगा आशीर्वाद, धन-दौलत में होगी बढ़ोतरी

रांची। आज पितृ पक्ष का एकादशी श्राद्ध है। हिंदू धर्म में पितृ पक्ष में पड़ने वाले एकादशी श्राद्ध का विशेष महत्व है। यह श्राद्ध उन पूर्वजों को याद करने के लिए किया जाता है जिनका निधन एकादशी तिथि को हुआ था। ग्यारस श्राद्ध इसी संस्कार का दूसरा नाम है। वैदिक पंचांग के अनुसार साल में कुल 24 एकादशी आती हैं। मतलब एक महीने में 2 एकादशी आती हैं, जिनका महत्व और नाम अलग- अलग होते हैं।
इंदिरा एकादशी को पितरों को मोक्ष दिलाने वाली माना जाता है। पंचांग के अनुसार इंदिरा एकादशी इस साल 10 अक्टूबर को मनाई जाएगी। ज्योतिष में इंदिरा एकादशी पर कुछ उपायों का वर्णन मिलता है। जिनको करने से पितृ प्रसन्न हो सकते हैं। साथ ही जीवन में सुख- समृद्धि का वास रहेगा। आइए जानते हैं इन उपायों के बारे में…
दक्षिण दिशा में जलाएं दीपक
एकादशी श्राद्ध पर पितरों के लिए तर्पण करने के साथ ही ब्राह्मणों को भोजन कराकर उनका आशीर्वाद लेना चाहिए. इस दिन पर गाय, कुत्ते और चींटियों को भी भोजन खिलाना चाहिए. तिल, अन्न, चावल और दूध का दान महत्वपूर्ण माना जाता है. यदि कोई चाहे तो किसी पुरोहित की सहायता से पिंडदान संस्कार करा सकता है. धार्मिक मान्यता है कि इस दिन कौवे को भी भोजन कराना चाहिए, इससे पितरों को मोक्ष की प्राप्ति होती है. साथ ही साथ श्राद्ध करने वाले को पुण्य लाभ मिलता है. इस दिन श्रद्धा से दीपक जलाएं और पितरों के निमित्त दान, तर्पण और ब्राह्मण भोज कराएं। साथ ही शाम के समय दक्षिण दिशा में दीपक जलाएं। ऐसा करने से पितृ प्रसन्न होते हैं। साथ ही वह सुख- समृद्धि का आशीर्वाद देते हैं।
पीपल के पेड़ की करें पूजा
पितृपक्ष की इंदिरा एकादशी पर पर पीपल के पेड़ पर गाय का कच्चा दूध अर्पित करें। साथ ही सरसों के तेल का दीपक जलाएं। वहीं इसके बाद 11 परिक्रमा करें और विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ करें। साथ ही मन में अपनी मनोकामना बोलेंं। ऐसा करने से पितृों के साथ आपको भगवान विष्णु का आशीर्वाद प्राप्त होगा। साथ ही सभी मनोरथ पूर्ण होंगे।
निकालें पंचबली
इदिरा एकादशी के दिन शालिग्राम भगवान की पूजा करने का विधान है। इसलिए इस दिन शालिग्राम भगवान की पूजा करें। इसके बाद पंचबली निकालें। जिसमें गाय, कौवा, कुत्ता, बिल्ली और किसी गरीब व जरूरतमंद को भोजन अवश्य कराएं। वहीं चीटियों को भी भोजन डालें। ऐसा करने से जीवन में संपन्नता आती है। साथ ही करियर और कारोबार में तरक्की मिलती है और पितृ दोष से भी मुक्ति मिलती है।
कष्टों से मिलेगी मुक्ति
अगर आपके कार्य नहीं बन रहे हो तो इंदिरा एकादशी के दिन व्रत रखें और भगवान विष्णु की पूजा- अर्चना करें। साथ ही शाम को तुलसी की माला से ‘ॐ नमो भगवते वासुदेवाय नमः’ मंत्र का जप करें। ऐसा करने से पितरों की आत्मा की शांति मिलती है और कष्टों से मुक्ति मिलती है।







