झारखंड- गैस चुल्हा नहीं- स्टोव जलेगा: प्रदेश में अब राशन कार्ड से केरोसिन भी मिलेगा, सरकार का बड़ा फैसला, LPG किल्लत के बीच ग्रामीण इलाकों में केरोसिन आपूर्ति होगी…

Jharkhand – No gas stove, only stove: Kerosene will now be available with ration cards in the state, a major government decision; amid the LPG shortage, kerosene will be supplied in rural areas…

रांची। मिडिल ईस्ट में युदध ने पूरी दुनिया को प्रभावित किया है। पहले एलपीजी गैस की किल्लत और अब पेट्रोल-डीजल की कमी की सुगबुगाहट शुरू हो गयी है। इस बीच खबर ये आ रही है कि घरेलू गैस की किल्लत के बीच ग्रामीण क्षेत्रों में केरोसिन की आपूर्ति फिर से शुरू होने वाली है। जानकारी के मुताबिक सरकार प्राथमिकता के आधार पर ग्रामीण इलाकों में केरोसिन तेल की आपूर्ति करने जा रही है। खड़ी देशों में युद्ध चल रहा है।

बताया जा रहा है कि पेट्रोलियम पदार्थों की आपूर्ति में दिक्कतें आ रही हैं। ऐसे में घरों का चूल्हा बंद न हो केंद्र और राज्य सरकार ने अब केरोसिन तेल वितरण करने का निर्णय लिया है।झारखंड राज्य में कुल 972 हजार लीटर केरोसिन तेल का वितरण किया जाना है। इसमें से धनबाद जिले में 72 हजार लीटर की आपूर्ति होगी।

मिली जानकारी के मुताबिक केंद्र सरकार के पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालयय की ओर से सभी राज्यों को इस बावत आदेश जारी किया गया है। इस आदेश में बताया गया है कि जीयो पालीटिक्ल स्थिति के कारण विश्वस्तर पर पेट्रोलियम उत्पादों की आपूर्ति पर असर हुआ है। लिहाजा, खाना पकाने और प्रकाश व्यवस्था के लिए राज्यों को केरोसिन तेल का वितरण करना है।

इसी आदेश पर झारखंड सरकार की ओर से हर जिले के लिए केरोसिन तेल का आवंटन दिया गया है।धनबाद जिले में ग्रामीण इलाकों के लिए 48 हजार लीटर और शेष के लिए 24 हजार लीटर केरोसिन तेल प्राप्त हुआ है।केरोसिन तेल का वितरण जनवितरण प्रणाली दुकानों से किया जाएगा।

यह केरोसिन तेल सभी प्रकार के कार्डधारियों को मिलेगा। इसके लिए कार्डधारक को राशि भुगतान करना होगा।जो जानकारी मिल रही है, उसके मुताबिक करीब 70 रुपये प्रति लीटर की दर से केरोसिन तेल दिया जाएगा। पहले आओ और पहले पाओ के तहत केरोसिन तेल का वितरण होगा। जानकारी के अनुसार झारखंड को 972 किलो लीटर केरोसिन का आवंटन हुआ है।

जारी पत्र में कहा गया है वितरण की व्यवस्था राज्य सरकार के जिम्मे होगी। राज्य सरकार को यह इंश्योर करना होगा कि पेट्रोल अथवा डीजल में मिलावट के लिए इसका उपयोग नहीं होगा। ग्रामीण क्षेत्रों में इसकी आपूर्ति को प्राथमिकता देनी है। 45 दिनों के अंदर संबंधित राज्यों को आवंटित केरोसिन की आपूर्ति लेनी होगी। जानकारी के अनुसार झारखंड को 972 किलो लीटर केरोसिन का आवंटन हुआ है। इसी प्रकार बिहार को 4452 किलोमीटर केरोसिन का आवंटन हुआ है।

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