झारखंड में IPS अफसरों को मिलेंगी नई गाड़ियां: SP को स्कॉर्पियो, IG-DIG को इनोवा और DG को सेडॉन…जानिए पूरी डिटेल
IPS officers in Jharkhand will get new vehicles: SP to get Scorpio, IG-DIG to get Innova and DG to get Sedan... know the complete details

झारखंड के आईपीएस अधिकारियों के लिए नई गाड़ियां खरीदी जायेगी. इसमें सरकारी खजाने से कुल 146 करोड़ 79 लाख, 63 हजार 563 रुपये खर्च किए जाएंगे. अधिकारियों को उनकी रैंक के हिसाब से गाड़ियां आवंटित की जायेंगी मसलन, एसपी को स्कॉर्पियो, डीआईजी और आईजी रैंक के अधिकारियों को इनोवा और एडीजी-डीजी रैंक के अधिकारियों को सेडॉन मॉडल की कार मिलेगी.
इस समय अधिकारी जिन गाड़ियों का इस्तेमाल कर रहे हैं, उनमें से जो गाड़ियां 15 साल पुरानी है उनको कंडम घोषित करने की प्रक्रिया भी शुरू होगी. मतलब ये कि 15 साल पुरानी गाड़ियों को चलाने के लिए अनुपयुक्त माना जाता है और उनका रजिस्ट्रेशन भी रद्द कर दिया जाता है. यह फैसला वाहनों की आयु, इंजन क्षमता, किलोमीटर चलने की सीमा या दुर्घटना और मरम्मत की अत्यधिक लागत जैसे कारकों के आधार पर ही लिया जाता है.
कंडम घोषित किए जाने के बाद वाहनों को स्क्रैप या कबाड़ केंद्रों पर ले जाकर पूरी तरह से खत्म कर दिया जाता है.
इन गाड़ियों पर घूमेंगे IG,DIG, IG और SP
गौरतलब है कि झारखंड में आईजी, डीआईजी, डीजी और एसपी अब इनोवा, सेडॉन और स्कॉर्पियों जैसी गाड़ियों में घूमेंगे. राज्य पुलिस बल में क्षमता और सुविधा को बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है. इसके साथ ही पुराने वाहनों को बदलने की और नए गाड़ियों की खरीद की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.
राज्य में आईपीएस अधिकारियों को उनके रैंक के अनुसार नए वाहन मिलेंगे. झारखंड में आईपीएस अधिकारियों के द्वारा अधिकांश पुराने वाहनों का इस्तेमाल किया जा रहा है. ऐसे में अब एसपी से लेकर डीजी रैंक के अफसरों के इस्तेमाल के लिए नए वाहनों की खरीद की जाएगी. राज्य पुलिस मुख्यालय ने वाहनों की खरीद की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
बहरहाल, पुलिस मुख्यालय के अलावा सभी जिलों में भी थानेदार से लेकर नीचे स्तर के पदाधिकारियों की गश्ती के लिए नए वाहनों की खरीद की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है. अब झारखंड पुलिस के लिए 1255 एसयूवी और 1697 हाई स्पीड वाली बाइक की खरीदारी से पुलिस को अपराधियों का पीछा करने और आपात स्थिति में कम समय में घटनास्थल तक पहुंचने में मदद मिलेगी. इस योजना से राज्य के 606 थानों को फायदा मिलेगा, जिनमें से 282 थाने नक्सल प्रभावित इलाकों में है, जहां नए वाहनों की सबसे ज्यादा जरूरत है.
11 जुलाई को कैबिनेट से मिली थी मंजूरी
गौरतलब है कि 11 जुलाई को कैबिनेट ने 1255 चार पहिया व 1697 दो पहिया वाहनों की खरीद को मंजूरी दी थी. कैबिनेट की बैठक के बाद मुख्याल में अब इन वाहनों की खरीद की प्रक्रिया शुरू की है. थानेदार व पुलिस की गश्ती के लिए बोलेरो वाहन की खरीद होगी. सभी थानेदार वर्तमान में 15-20 साल पुराने वाहनों का इस्तेमाल करते हैं. जितने वाहन जिलावार मिलेंगे उतने ही वाहनों को जिलावार कंडम घोषित करने की प्रक्रिया भी होगी









