NCR में सांस लेना मुश्किल: GRAP-3 लागू होने के बाद क्या करें, क्या न करें? यहां है पूरी लिस्ट
It's hard to breathe in NCR: What to do and what not to do after GRAP-3 is implemented? Here's the complete list.

Delhi Air Pollution एक बार फिर चिंताजनक स्तर पर पहुंच गया है। शनिवार को राजधानी दिल्ली का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 400 के पार दर्ज किया गया। सुबह के समय AQI 401 रिकॉर्ड किया गया, जबकि एक दिन पहले शुक्रवार को यह लगभग 349 रहा था। लगातार बिगड़ती हवा की स्थिति को देखते हुए दिल्ली-एनसीआर में ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) का तीसरा चरण यानी GRAP-3 दोबारा लागू कर दिया गया है।
दिल्ली-NCR में धुंध और सांस की दिक्कत
शनिवार सुबह दिल्ली के साथ-साथ नोएडा और गाजियाबाद जैसे आसपास के इलाकों में घनी धुंध देखने को मिली। दृश्यता कम होने के साथ ही लोगों को सांस लेने में परेशानी हुई। विशेषज्ञों के अनुसार, शुक्रवार रात हवा की रफ्तार बेहद कम रही और नमी अधिक थी। इसी वजह से प्रदूषक कण वातावरण में फैल नहीं सके और धुंध के रूप में छा गए।
CAQM के निर्देश पर लागू हुआ GRAP-3
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए कमीशन फॉर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट (CAQM) की GRAP सब-कमेटी की सिफारिश पर GRAP-3 की सख्त पाबंदियां लागू की गईं। इसका उद्देश्य Delhi Air Pollution को और खतरनाक स्तर पर पहुंचने से रोकना है।
GRAP-3 के तहत क्या-क्या रहेगा बंद
GRAP-3 के दौरान दिल्ली-NCR में सभी गैर-आवश्यक निर्माण और विध्वंस कार्यों पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। इसमें मिट्टी का काम, खुदाई, वेल्डिंग, पेंटिंग, प्लास्टरिंग, टाइल और फ्लोरिंग जैसे कार्य शामिल हैं। रेडी-मिक्स कंक्रीट (RMC) प्लांट्स का संचालन भी बंद रहेगा। साथ ही सीमेंट, रेत और फ्लाई ऐश जैसी निर्माण सामग्री के परिवहन पर रोक होगी।
वाहनों और ईंधन पर सख्ती
GRAP-3 के दौरान BS-III पेट्रोल और BS-IV डीजल चारपहिया वाहनों के दिल्ली और एनसीआर के प्रमुख शहरों में प्रवेश और संचालन पर रोक लगाई गई है। पुराने डीजल मालवाहक वाहन भी नहीं चल सकेंगे। कोयला, लकड़ी और अस्वीकृत ईंधन के उपयोग पर प्रतिबंध रहेगा। डीजल जेनरेटर सेट्स का उपयोग भी बंद रहेगा, हालांकि आपात सेवाओं को छूट दी गई है।
स्कूलों में बदला पढ़ाई का तरीका
प्रदूषण को देखते हुए कक्षा पांचवीं तक के छात्रों की पढ़ाई हाइब्रिड या ऑनलाइन मोड में होगी। वहीं उच्च कक्षाओं में मास्क और अन्य सावधानियों के साथ कक्षाएं संचालित की जाएंगी।









