झारखंड में मौसम का बड़ा यू-टर्न! भीषण गर्मी के बीच बारिश-आंधी का अलर्ट, जानिए कब पहुंचेगा मॉनसून
Major Weather U-Turn in Jharkhand! Rain and Thunderstorm Alert Amidst Scorching Heat—Find Out When the Monsoon Will Arrive.

रांची। भीषण गर्मी के बीच अब मौसम ने राहत के संकेत देने शुरू कर दिए हैं। राज्य के कई जिलों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे लोगों को तपिश से कुछ राहत मिली है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में तेज हवा, आंधी और बारिश की संभावना जताई है।
तापमान में गिरावट से लोगों को मिली राहत
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार चक्रवाती परिसंचरण के असर से झारखंड में मानसून पूर्व गतिविधियां तेज हो रही हैं। राजधानी रांची में गुरुवार को अधिकतम तापमान 36.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो पिछले दिन की तुलना में 0.6 डिग्री कम रहा। वहीं न्यूनतम तापमान 22.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
जमशेदपुर में बारिश का असर और ज्यादा दिखाई दिया। यहां अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो रांची से भी कम रहा।
मेदिनीनगर में अब भी गर्मी का असर कायम
हालांकि मेदिनीनगर में गर्मी का असर अभी भी बना हुआ है, लेकिन वहां भी तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। यहां अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस रहा, जो पिछले 24 घंटे में 2.8 डिग्री कम हुआ है।
1 जून तक आंधी और बारिश के आसार
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार 29 मई से 1 जून तक राज्य के कई हिस्सों में मौसम खराब रह सकता है। रांची समेत कई जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना है। इसे देखते हुए मौसम विभाग ने पीली चेतावनी जारी की है।
विभाग का कहना है कि अगले पांच दिनों में अधिकतम तापमान में और गिरावट हो सकती है, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि तेज हवा और आकाशीय बिजली को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
अभी केरल तक नहीं पहुंचा मानसून
मौसम विभाग के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून अभी तक केरल नहीं पहुंच पाया है। फिलहाल मानसून अंडमान-निकोबार और केरल के बीच सक्रिय बना हुआ है। केरल के कई जिलों में भारी बारिश की संभावना को देखते हुए पीली चेतावनी जारी की गई है।
मौसम विभाग का अनुमान है कि मानसून 29 मई से 3 जून के बीच केरल पहुंच सकता है। इसके बाद झारखंड में मानसून 14 से 17 जून के बीच दस्तक दे सकता है।
इस बार कमजोर रह सकता है मानसून
मौसम विभाग ने अल नीनो के असर का भी जिक्र किया है। विभाग के मुताबिक इस बार अल नीनो की वजह से मानसून सामान्य से थोड़ा कमजोर रह सकता है। इसका असर बारिश की मात्रा पर पड़ सकता है। हालांकि फिलहाल मानसून पूर्व बारिश से लोगों को गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद बढ़ गई है।








