गैंगरेप मामले में बेहतर अनुसंधान करने वाले पुलिसकर्मियों को SP अंबर लकड़ा ने किया सम्मानित.. हौसला अफजाई में जुटे…

दुमका जिले में बेहतर कार्य करने वाले को पुलिस प्रशासन के वरीय पदाधिकारी उनके हौसला अफजाई और सम्मानित किया जा रहा हैं। ये प्रयास दुमका पुलिस से जुड़ी हुई है। हाल के दिनों में एक आदिवासी महिला के साथ गैंग रेप कांड के 13 आरोपियों को दो हफ्ते में गिरफ्तार कर कोर्ट से सजा दिलाने वाले पुलिस पदाधिकारियों को एसपी अंबर लकड़ा ने सम्मानित किया है।
क्या है मामला
दुमका जिले के मुफस्सिल थाना इलाके में दिसंबर 2020 में एक आदिवासी महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म हुआ था। इस मामले में त्वरित कार्रवाई की गई थी। साथ ही 13 अभियुक्त को 2 सप्ताह के अंदर गिरफ्तार कर न्यायालय से विचारण कराकर आजीवन कारावास की सजा दिलाई गई। इस मामले में जांच अधिकारी रहे 11 पुलिस पदाधिकारियों को एसपी अंबर लकड़ा ने प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया।
9 दिसंबर 2020 को मुफस्सिल थाना इलाके में आदिवासी महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घटना घटी थी। इसमें कांड संख्या 180/ 20 भादवि की धारा 376 डी /379/ 342/ 504 /506 के तहत केस दर्ज की गई थी। पुलिस ने इस कांड में वैज्ञानिक अनुसंधान के साथ इस तरीके से सक्षम संकलन किया था कि वादी द्वारा मुकर जाने के बावजूद भी 13 में से 10 आरोपी को 25-25 साल के कारावास की सजा सुनाई गई। तीन आरोपी किशोरी थे लिहाजा उनका मामले जेजेबी में चल रहा है। दुमका के द्वितीय जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश राकेश कुमार मिश्रा की अदालत ने मुफस्सिल थाना क्षेत्र के घासीपुर निवासी मनोज मोहली 1, मनोज मोहली 2, मंगल मोहली उर्फ मामू, बोदी लाल मोहली, संतोष हेंब्रम, विकास मोहली, मिथुन टूडू उर्फ मोहली, उज्जवल मोहली,नुनुलाल मोहली, और एगियास मोहली उर्फ बाबू को इस केस में भादवि की धारा 376 डी के तहत 25 – 25 साल के सश्रम कारावास के साथ 25 – 25 हजार रुपए जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई गई थी।









