कोर्ट न्यूज : प्रेमी की हत्या मामले में प्रेमिका, पति-पिता व भाई को उम्रकैद की सजा, प्राईवेट पार्ट काटा, पेट फाड़ा, बेहद निर्मम तरीके से ली थी जान, अब कोर्ट ने…
Court News: Girlfriend, husband, father and brother sentenced to life imprisonment in lover's murder case, private parts cut, stomach ripped, life taken in a very brutal manner, now the court...

Crime News : प्रेमी की हत्या मामले में कोर्ट ने कड़ा फैसला सुनाया है। सिविल कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हए प्रेमी की हत्या के मामले में प्रेमिका, उसके पति, पिता और भाई को का दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनायी है।
करीब सात वर्ष पहले एक नाबालिग किशोर की बेरहमी से हत्या के मामले में रोहतास सिविल कोर्ट ने चार दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
यह मामला न केवल प्रेम प्रसंग से जुड़ा था, बल्कि हत्या की क्रूरता ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया था।जिला जज (चतुर्थ) अनिल कुमार की अदालत ने सुनाया। अदालत ने प्रेमिका, उसके पति, पिता और भाई को हत्या का दोषी करार देते हुए सभी को उम्रकैद की सजा दी है। इसके साथ ही प्रत्येक दोषी पर पांच हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
कोर्ट के इस निर्णय को पीड़ित परिवार के लिए लंबे इंतजार के बाद मिली न्याय की जीत माना जा रहा है। रोहतास जिले के अगरेर थाना क्षेत्र अंतर्गत भगवानपुर गांव का है। वर्ष 2019 में यहां 14 वर्षीय किशोर मनु कुमार की नृशंस हत्या कर दी गई थी। घटना के अनुसार, चार मार्च 2019 की शाम मनु कुमार किसी काम से घर से निकला था, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटा।
परिजनों ने उसकी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। अगली सुबह गांव के पास एक खेत में उसका शव मिलने से सनसनी फैल गई।शव की हालत इतनी भयावह थी कि देखने वालों की रूह कांप उठी। मृतक के शरीर पर चाकू से कई वार के निशान थे। जांच में यह भी सामने आया कि हत्या से पहले उसके साथ अत्यंत क्रूरता की गई थी।
आरोप था कि हत्या के दौरान उसका पेट फाड़ दिया गया और गुप्तांग काटकर अलग कर दिया गया था। इस बर्बरता ने मामले को और गंभीर बना दिया।पुलिस जांच में यह बात सामने आई कि हत्या के पीछे प्रेम प्रसंग का मामला था।
मृतक का कथित रूप से एक महिला से संबंध था, जिसे लेकर विवाद चल रहा था। इसी रंजिश में महिला, उसके पति और परिवार के अन्य सदस्यों ने मिलकर किशोर की हत्या की साजिश रची और वारदात को अंजाम दिया।
मृतक के पिता की लिखित शिकायत के आधार पर अगरेर थाना में हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गई थी। पुलिस ने मामले की गहन जांच करते हुए आरोपियों के खिलाफ ठोस साक्ष्य जुटाए और चार्जशीट दाखिल की। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से कुल नौ गवाहों को अदालत में पेश किया गया, जिन्होंने घटना से जुड़े अहम तथ्य अदालत के समक्ष रखे।









